नीट यूजी री-एग्जाम से पहले सरकार ने परीक्षा की सुरक्षा और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए बड़ा फैसला लिया है। इसके तहत टेलीग्राम पर 22 जून तक अस्थायी रोक लगाने का निर्णय लिया गया है। यह कदम परीक्षा से जुड़ी अफवाहों, फर्जी पेपर लीक दावों और अभ्यर्थियों को ठगने की कोशिशों पर रोक लगाने के उद्देश्य से उठाया गया है।
हाल के दिनों में सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स पर परीक्षा से संबंधित भ्रामक जानकारी और कथित प्रश्नपत्र बेचने के दावे तेजी से सामने आए थे। इससे अभ्यर्थियों और अभिभावकों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा हो रही थी। इसी को देखते हुए संबंधित एजेंसियों ने सख्त कार्रवाई का फैसला लिया।
अधिकारियों का कहना है कि परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। अभ्यर्थियों से अपील की गई है कि वे किसी भी अफवाह या अपुष्ट जानकारी पर विश्वास न करें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।
नीट री-एग्जाम को लेकर पहले से ही सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई है। प्रश्नपत्रों की सुरक्षा से लेकर परीक्षा केंद्रों की निगरानी तक हर स्तर पर विशेष इंतजाम किए गए हैं। सरकार का मानना है कि इस कदम से परीक्षा प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिशों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी और अभ्यर्थियों को निष्पक्ष माहौल मिल सकेगा।
