उमेश पाल की हत्या के बाद पुलिस द्वारा नाबालिग बेटों को उठाए जाने के मामले में माफिया अतीक अहमद की पत्नी शाइस्ता परवीन ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। इसके साथ जैनब फातिमा, अतीक की बहन आयशा नूरी व भांजी को अवैध अभिरक्षा में लिए जाने को लेकर भी बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल की गई है। मांग की गई है कि इन सबको कोर्ट के सामने पेश किया जाए।
याचियों के अधिवक्ताओं की ओर से मामले की तुरंत सुनवाई की लिए कोर्ट ने निवेदन किया गया लेकिन कोर्ट ने तुरंत सुनवाई से इन्कार कर दिया। कोर्ट ने प्रक्रिया के तहत आने पर सुनवाई करने के लिए कहा।
याचिकाओं में कहा गया कि अतीक के दो नाबालिग बेटों और अशरफ की पत्नी जैनब फातिमा, अतीक की बहन आयशा नूरी और भांजी को पुलिस उमेश पाल की हत्या के बाद उठा ले गई है और कोई जानकारी नहीं दे रही है। जबकि, पांच दिन हो गए हैं। पुलिस के अधिकारी कुछ बता नहीं रहे हैं। याचियों के अधिवक्ता रविंद्र शर्मा, खान सौलत हनीफ और शादाब अली ने बताया कि मामले में अब होली के बाद सुनवाई हो सकती है।
