कानपुर में ठगी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि एक व्यक्ति ने खुद को उपमुख्यमंत्री का रिश्तेदार बताकर नौकरी और अन्य काम कराने का भरोसा दिया और एक युवक से करीब पांच लाख रुपये ठग लिए।
पीड़ित का कहना है कि आरोपी ने अपने प्रभाव और ऊंचे संपर्कों का हवाला देकर उसका विश्वास जीत लिया। इसके बाद उसने विभिन्न काम कराने का आश्वासन देते हुए अलग-अलग किस्तों में लाखों रुपये ले लिए। जब लंबे समय तक कोई काम नहीं हुआ और पैसे वापस मांगने पर टालमटोल शुरू हुई, तब पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ।
मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ने खुद को प्रभावशाली व्यक्ति का करीबी बताकर लोगों का भरोसा हासिल किया था। पुलिस अब आरोपी की तलाश कर रही है और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति के प्रभाव, पद या राजनीतिक संबंधों के दावों पर आंख बंद करके भरोसा न करें। किसी भी प्रकार का भुगतान करने से पहले संबंधित व्यक्ति की पूरी जानकारी और दावों की सत्यता की जांच अवश्य कर लें।
पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है और दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर लोगों को सतर्क रहने और ठगी के नए तरीकों से सावधान रहने की चेतावनी दी है।
