नई दिल्ली: भारतीय नौसेना के स्वदेशी पोत आईएनएसवी कौण्डिन्य ने अपनी ओमान यात्रा का दो-तिहाई हिस्सा पूरा कर लिया है। इस ऐतिहासिक समुद्री अभियान में अर्थशास्त्री और प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के सदस्य संजीव सान्याल भी शामिल हैं। उन्होंने अरब सागर में जहाज के 13वें दिन के सफर का अपडेट शनिवार को सोशल मीडिया के जरिए साझा किया।
सान्याल ने बताया कि 12वें दिन के बाद पोत को कई बार तेज बारिश का सामना करना पड़ा, जिससे जहाज पर मौजूद अधिकांश सामान भीग गया। स्थानीय मौसम प्रणाली के कारण कुछ समय के लिए हवाएं बाधित हुईं, लेकिन बाद में पूर्व दिशा से हवाएं फिर सामान्य हो गईं। इन चुनौतियों के बावजूद चालक दल को एक बेहद खूबसूरत सूर्यास्त देखने को मिला।
उन्होंने बताया कि पाल उठाते समय हल्की बारिश हो रही थी, लेकिन तब तक यात्रा का दो-तिहाई से अधिक हिस्सा पूरा हो चुका था। सान्याल ने आगे कहा कि आने वाले दिनों में पोत को एक ऐसी चुनौती का सामना करना पड़ेगा, जिसका सामना पुराने दौर के नाविकों को नहीं करना पड़ा था।
उन्होंने कहा कि अब तक कभी-कभार छोटी दिक्कतें आई हैं, लेकिन जल्द ही पोत तेल टैंकरों और बड़े कंटेनर जहाजों की भारी आवाजाही वाले व्यस्त समुद्री मार्ग में प्रवेश करेगा, जहां अतिरिक्त सतर्कता की जरूरत होगी।
आईएनएसवी कौण्डिन्य भारतीय नौसेना का स्वदेशी पारंपरिक टंकाई तकनीक से बना पोत है। यह 29 दिसंबर को गुजरात के पोरबंदर से मस्कट, ओमान के लिए अपनी पहली अंतरराष्ट्रीय यात्रा पर रवाना हुआ था। यह यात्रा भारत की प्राचीन समुद्री विरासत और नौवहन परंपरा को दुनिया के सामने प्रदर्शित करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास मानी जा रही है।
